Dr. Zeel Gandhi, BAMS
Written by , (शिक्षा- बैचलर ऑफ जर्नलिज्म एंड मीडिया कम्युनिकेशन)

कुछ भी खाने से कहीं मुंह में जलन तो नहीं हो रही या होंठ व जीभ पर लाल चकत्ते तो नहीं दिख रहे हैं? अगर ऐसा है, तो यह मुंह के छाले हो सकते हैं। शरीर के साथ-साथ मुंह को स्वस्थ रखना भी जरूरी है। अगर मुंह में कोई समस्या हो, तो उसका असर खान-पान पर भी पड़ने लगता है। खासतौर से अगर मुंह के छाले की समस्या हो। मुंह के छाले का कारण चाहे कुछ भी हो, लेकिन यह काफी दर्दनाक होता है। बेशक, ये कुछ दिनों में ठीक हो जाते हैं, लेकिन इनके रहते कुछ भी खाने से जलन या दर्द की समस्या होने लगती है। ऐसे में दर्द से राहत पाने के लिए मुंह के छाले के उपचार को जानना जरूरी है, ताकि इस समस्या से राहत मिल सके। स्टाइलक्रेज के इस लेख में हम मुंह के छाले का कारण, लक्षण व घरेलू उपचार की जानकारी देने की कोशिश कर रहे हैं। चलिए, मुंह के छाले के घरेलू इलाज के बारे में विस्तार से जानते हैं।

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मुंह में छाले होने के कारण और उपाय जानने से पहले हम पता करते हैं कि मुंह के छाले होते क्या हैं।

मुंह के छाले क्या होते हैं?

मुंह के छाले को कोल्‍ड सोर भी कहा जाता है। ये तरल पदार्थ से भरे छोटे-छोटे फफोले होते हैं, जो आमतौर से होंठों पर व उसके आसपास या मुंह के अंदर गाल पर होते हैं। कोल्ड सोर एक संक्रामक वायरस के कारण होते हैं, जिसे हर्पीस सिम्प्लेक्स वायरस (एचएसवी) कहा जाता है। एचएसवी दो प्रकार के होते हैं। टाइप 1 आमतौर पर मौखिक दाद या कोल्‍ड सोर का कारण बनता है। वहीं, टाइप 2 आमतौर पर जननांग को प्रभावित करता है। मुंह के छाले काफी सामान्य हैं और ये बच्चों से लेकर बड़ों तक किसी को भी सकते हैं (1) (2)। यह वायरस मौखिक संभोग के कारण भी फैल सकता है। मुंह के छाले या कोल्‍ड सोर दिखाई दे या न दें, लेकिन यह एक से दूसरे को होने वाला संक्रामक रोग है (3)।

लेख में आगे हम मुंह के छाले के स्टेजेस के बारे में जानकारी देने की कोशिश कर रहे हैं।

मुंह के छाले के पांच चरण – Stages Of Cold Sores in Hindi

मुंह में छाले क्यों होते हैं, इसके बारे में जानने से पहले, इसके स्टेजेस के बारे में जानना जरूरी है। यहां हम बता दें कि मुंह के छाले के पांच चरण हो सकते हैं, जो इस प्रकार हैं (2):

पहला चरणछाले निकलने से लगभग 24 घंटे पहले त्वचा में खुजली और असुविधा महसूस होने लगती है।

दूसरा चरणइस चरण में आपको त्वचा पर द्रव्य से भरे छाले नजर आने लगेंगे।

तीसरा चरणइसमें छाले फटते हैं और उसमें से द्रव्य का रिसाव होता है। यह चरण दर्दनाक होता है।

चौथा चरणइस चरण में छाले सूखने लगते हैं और पपड़ी जमने लगती है। इससे खुजली भी हो सकती है।

पांचवां चरणइस अंतिम चरण में पपड़ी निकल जाती है और छाला ठीक होने लगता है।

अब बारी आती है मुंह के छाले होने के लक्षण के बारे में जानकारी हासिल करने की।

मुंह के छाले होने के लक्षण – Signs And Symptoms of Cold Sores in hindi

मुंह में छाले के लक्षण हल्के या गंभीर हो सकते हैं। वायरस के संपर्क में आने के बाद ये अक्सर 1 से 3 सप्ताह के भीतर दिखाई देते हैं और 3 सप्ताह तक रह सकते हैं। नीचे पढ़ें मुंह के छाले होने के लक्षण क्या-क्या हो सकते हैं (4):

शुरुआती लक्षण:

  • होंठ या मुंह के आसपास की त्वचा में खुजली
  • होंठ या मुंह में जलन
  • होंठ या मुंह के पास की त्वचा में झुनझुनी

फफोले होने से पहले के लक्षण:

  • गले में खराश
  • बुखार
  • ग्रंथियों में सूजन
  • कुछ भी खाते या निगलते वक्त गले में दर्द का एहसास होना

छाले या रैशेज हो सकते हैं :

  • मसूड़ों
  • होंठ
  • मुंह
  • गले में

अगर कई फफोले एक साथ हो जाएं, तो उसे ऑउटब्रेक कहते हैं:

  • लाल फफोले होते हैं, जिससे तरल पदार्थ का रिसाव हो सकता है।
  • छोटे फफोले जो पीले तरल पदार्थ से भरे हो सकते हैं।
  • कई छोटे छाले जो एक बड़े छाले का रूप ले सकते हैं।
  • जब यह ठीक होने लगता है, तो पीला और पपड़ीदार छाला जैसा हो जाता है, जो अंततः गुलाबी त्वचा में बदल जाता है

नोट : इसके साथ ही छाले में दर्द और जलन की समस्या भी हो सकती है। सिरदर्द, जी मिचलाना व डिहाइड्रेशन जैसी समस्याएं भी हो सकती है (5)।

आगे है और जानकारी

अब जानते हैं कि मुंह के छाले का कारण और जोखिम कारक क्या-क्या हो सकते हैं, इस भाग में विस्तार से पढ़ें।

मुंह के छाले होने के कारण और जोखिम कारक – Causes And Risk Factors of Cold Sores in hindi

नीचे जानिए मुंह में छाले क्यों होते हैं या मुंह में छाले के कारण और जोखिम कारक क्या हैं (2) (4)।

कारण

  • मुंह में छाले होने के कारण की बात करें, तो यह दाद हर्पीस सिंप्लेक्स वायरस टाइप 1 (एचएसवी-1) के वजह से हो सकता है।
  • वहीं, कुछ मामलों में मुंह में छाले के कारण में हर्पीस सिंप्लेक्स वायरस टाइप 2 (एचएसवी-2) भी हो सकता है।
  • मुंह में छाले किस कारण से होते हैं, तो इसका एक जवाब संक्रमित व्यक्ति भी है। दरअसल, संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने से या शारीरिक संबंध बनाने से।
  • मुंह में छाले क्यों होते हैं, तो इसका जवाब है संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने के अलावा उनकी चीजों का उपयोग करना, जैसे – रेजर, तौलिया, बर्तन या उसके साथ खाना खाने से भी हो सकता है।

जोखिम कारक:

  • बुखार होना
  • सीने में संक्रमण होना
  • धूप
  • मौसम में बदलाव जैसे- ज्यादा हवा चलना
  • हार्मोनल परिवर्तन, जैसे कि मासिक धर्म
  • भावनात्मक या शारीरिक तनाव

मुंह में छाले होने के कारण जानने के बाद, अब बारी आती है मुंह के छाले के घरेलू इलाज जानने की।

मुंह के छाले के घरेलू इलाज – Home Remedies for Cold Sores in Hindi

हम बता दें कि मुंह में छाले होने की वजह चाहे कोई भी हो, लेकिन कोल्ड सोर्स के लिए कोई सटीक इलाज नहीं है। ये आमतौर पर कुछ हफ्तों में अपने आप ही ठीक हो जाते हैं (1)। हां, मुंह के छाले के घरेलू इलाज या मुंह के छाले का उपचार बस घाव से होने वाले दर्द और जलन से राहत दिलाने में सहायक हो सकते हैं।

1. मुंह के छाले के लिए टी ट्री ऑइल

सामग्री :

  • टी-ट्री ऑइल
  •  रूई

कैसे उपयोग करें :

  • रूई को टी-ट्री ऑइल में भिगोकर छाले पर लगाएं।
  • इसे दिनभर में एक से दो बार लगा सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

मुंह में छाले का उपचार टी-ट्री ऑइल से किया जा सकता है। टी-ट्री ऑइल में एंटीवायरल गुण होते हैं, जो संक्रमण पैदा करने वाले वायरस को खत्म करने में सहायक हो सकते हैं। यह बात एनसीबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित एक स्टडी में सामने आई है। इस स्टडी के दौरान टी-ट्री ऑइल में वायरसाइडल गतिविधि (virucidal activity-वायरस को खत्म करना) पाई गई। साथ ही इसमें एंटीवायरल गतिविधि भी पाई जाती है, जो एचएसवी-1 और एचएसवी-2 पर प्रभावकारी हो सकती है (6)। इस प्रकार एंटीवायरल प्रभाव मुंह के छाले के उपचार में सहायक हो सकता है (1)।

2. मुंह के छाले के लिए बर्फ

सामग्री :

  • एक बर्फ का टुकड़ा

कैसे उपयोग करें :

  • बर्फ के टुकड़े को छाले पर हल्के-हल्के से लगाएं।
  • पूरे दिन में दो से तीन बार बर्फ को लगाया जा सकता है।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

बर्फ से मुंह के छाले ठीक हो या न हो, लेकिन दर्द जरूर कम हो सकता है (4)। साथ ही संभव है कि बर्फ के उपयोग से छाले की सूजन भी थोड़ी कम हो सकती है। ऐसे में बर्फ मुंह के छाले के उपचार में सहायक हो या न हो, लेकिन छाले के वजह से होने वाली असुविधा से राहत दिलाने में मदद जरूर कर सकता है।

3. मुंह के छाले के लिए पिपरमिंट तेल

सामग्री :

  • पिपरमिंट का तेल
  • रूई

कैसे उपयोग करें :

  • रूई को पिपरमिंट ऑइल में भिगोकर छाले पर लगाएं।
  • 15 से 20 मिनट तक इसे लगे रहने दें और फिर धो लें।
  • आप इसे दिनभर में दो से तीन बार लगा सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

मुंह के छाले के उपचार के रूप में पिपरमिंट का तेल भी लाभकारी हो सकता है। एनसीबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित एक स्टडी के अनुसार पिपरमिंट का तेल हर्पीस सिम्प्लेक्स वायरस के खिलाफ काम कर सकता है। इसमें वायरस के प्रभाव को कम (virucidal activity) करने का गुण मौजूद है (7)। इसके अलावा, अध्ययन में यह भी निष्कर्ष निकाला गया है कि इसे बार-बार होने वाले हर्पीस संक्रमण में भी इस्तेमाल किया जा सकता है। इसके लगातार उपयोग से छाले कम हो सकते हैं। इसलिए, अब अगर मन में सवाल आए कि मुंह के छाले कैसे ठीक करें, तो पिपरमिंट का तेल का उपयोग करें।

4. मुंह के छाले के लिए शहद

सामग्री :

  • आधा चम्मच शहद

कैसे उपयोग करें :

  • अपनी उंगली से शहद को अपने कोल्ड सोर पर लगाएं।
  • फिर 5-8 मिनट के लिए इसे लगा रहने दें।
  • उसके बाद पानी से धो लें।
  • इसे दिनभर में दो बार लगाया जा सकता है।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

जैसे कि लेख के शुरुआत में हमने जानकारी दी थी कि मुंह में छाले पड़ने के कारण में वायरस शामिल होते हैं। ऐसे में एंटी-वायरस गुणों वाला शहद छाले पर प्रभावकारी असर कर सकता है। इतना ही नहीं शहद में एंटी-इंफ्लेमेटरी और घाव भरने के गुण भी होते हैं। इससे न सिर्फ सूजन कम हो सकती है, बल्कि छाले ठीक होने में मदद भी मिल सकती है (8) (9)। ऐसे में शहद को मुंह के छाले का घरेलू इलाज मान सकते हैं।

5. मुंह के छाले के लिए नारियल तेल

सामग्री :

  • नारियल तेल
  • रूई

कैसे उपयोग करें :

  • अगर ऐसा महसूस हो रहा हो कि मुंह में छाला बढ़ रहा है या जलन हो रही है, तो उस पर रूई से नारियल तेल लगा लें।
  • दिनभर में हर एक घंटे में नारियल तेल को छाले पर लगा सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

मुंह के छाले का घरेलू इलाज नारियल तेल भी हो सकता है। दरअसल, नारियल तेल में मौजूद एंटीवायरल, एंटीफंगल और एंटीबैक्टीरियल गुण कई तरह के संक्रमण पर असरदार हो सकते हैं। कुछ रिसर्च के अनुसार, नारियल तेल को वायरस इन्फ्लुएंजा, मीसल्स, हेपटाइटिस, हर्पीस व सार्स जैसे वायरस के लिए प्रभावकारी पाया गया है (10)। नारियल तेल में लॉरिक एसिड भी होता है, जो मुंह के छाले के लिए असरदार हो सकता है। नारियल तेल को छाले पर लगाने के अलावा, नारियल तेल से ऑयल पुलिंग भी कर सकते हैं (11)।

6. मुंह के छाले के लिए लेमन बाम ऑइल

सामग्री :

  • लेमन बाम ऑइल
  • रूई

कैसे उपयोग करें :

  • रूई से लेमन बाम ऑइल को अपने छाले पर लगाएं।
  • फिर इसे अपने आप सूखने दें।
  • अगर इसे धोना चाहते हैं, तो लगाने के 15 से 20 मिनट बाद इसे धो दें।
  • इस तेल को दिनभर में एक से दो बार लगाएं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

मुंह के छाले का घरेलू इलाज लेमन बाम ऑइल से आसानी से किया जा सकता है। लेमन बाम ऑइल में एंटीवायरल गुण होता है, जो छाले पर प्रभावकारी हो सकता है। यह संक्रमण पैदा करने वाले वायरस को कम कर सकता है और छाले को ठीक कर सकता है (12) (13)।

7. हाइड्रोजन पेरोक्साइड

सामग्री :

  • हाइड्रोजन पेरोक्साइड (आवश्यकतानुसार)
  • रूई

कैसे उपयोग करें :

  • हाइड्रोजन पेरोक्साइड में रूई भिगोकर अपने छाले पर लगाएं।
  • इसे रोज एक बार लगाया जा सकता है।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

हाइड्रोजन पेरोक्साइड विभिन्न वायरस के प्रभाव की निष्क्रियता में मदद कर सकता है। इस संबंध में किए गए शोध से पता चला है कि त्वचा में पाया जाने वाले कैटालस (catalase- एक प्रकार का एंजाइम) की उपस्थिति में हाइड्रोजन पेरोक्साइड का उपयोग हर्पीस वायरस के लिए प्रभावकारी हो सकता है। ऐसे में इस आधार पर यह माना जा सकता है कि हाइड्रोजन पेरोक्साइड मुंह में छाले का उपचार के लिए असरदार हो सकता है (14)। फिलहाल, इस संबंध में अधिक वैज्ञानिक शोध उपलब्ध नहीं है।

सावधानी : ध्यान रहे कि मुंह के छाले का घरेलू इलाज पानी में तीन प्रतिशत घुले हाइड्रोजन पेरोक्साइड से ही करें। अगर सिर्फ हाइड्रोजन पेरोक्साइड त्वचा पर लगाया जाए, तो त्वचा जल सकती है। पानी में घुला हाइड्रोजन पेरोक्साइड आसानी से किसी भी मेडिकल स्टोर से मिल जाएगा।

8. मुंह के छाले के लिए लहसुन

सामग्री :

  • लहसुन की एक छोटी कली

कैसे उपयोग करें :

  • लहसुन की कली को कुचलकर छाले पर लगाएं।
  • बेहतर परिणाम के लिए सुबह-सुबह लहसुन का सेवन भी कर सकते हैं।
  • इसे दिनभर में एक से दो बार लगा सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

इसमें कोई शक नहीं है कि स्वास्थ्य के लिए लहसुन के फायदे कई सारे हैं। मुंह में छाले का उपचार भी लहसुन से किया जा सकता है। लहसुन के गुणों की बात करें, तो इसमें एंटीवायरल गुण मौजूद है। एनसीबीआई की वेबसाइट पर इसी संबंध में एक वैज्ञानिक शोध प्रकाशित है। शोध में लहसुन के एंटीवायरल गुण को हर्पीस सिम्प्लेक्स वायरस 1 (एचएसवी1) और हर्पीस सिम्प्लेक्स वायरस 2 (एचएसवी2) पर प्रभावी पाया गया है (15)।

9. मुंह के छाले के लिए विच हेजल

सामग्री :

  • विच हेजल (बाजार में या ऑनलाइन उपलब्ध है)
  • रूई

कैसे उपयोग करें :

  • विच हेजल में रूई को भिगोकर उसे छाले पर लगाएं।
  • फिर इसे सूखने दें।
  • इसे दिनभर में एक या दो बार लगा सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

विच हेजल कई लोगों के लिए नया हो सकता है। यह एक प्रकार की जड़ी-बूटी है, जिसका उपयोग कई सालों से किया जाता रहा है। सेहत और त्वचा के लिए विच हेजल के फायदे कई सारे हैं। इसके विभिन्न औषधीय गुणों में एंटीवायरल गुण भी शामिल है। दरअसल, विच हेजल में मौजूद टैनिन नामक तत्व है, जिसका एंटीवायरल प्रभाव मुंह के छाले पर असरदार हो सकता है (16)।  ध्यान रहे कि यह सिर्फ हल्के-फुल्के मुंह के छाले के लिए उपयोगी हो सकता है (17)।

10. मुंह के छाले के लिए नमक

सामग्री :

  • आधा चम्मच नमक
  • एक गिलास ठंडा पानी

उपयोग का तरीका :

  • पानी में नमक डालकर अच्छे से मिला लें।
  • अब इससे गरारे करें।
  • दिनभर में दो से तीन बार यह विधि अपना सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

मुंह में छाले का उपचार या छाले के दर्द से राहत पाने के लिए नमक का उपयोग किया जा सकता है (4)। हालांकि, यह छाले को कम करने में कितना असरदार हो सकता है, इस बारे में शोध की आवश्यकता है।

11. मुंह में छाले का घरेलू उपचार एकिनेसिया

सामग्री :

  • एकिनेसिया का एक टी-बैग
  • एक कप गर्म पानी

कैसे उपयोग करें :

  • उबलते गर्म पानी में एकिनेसिया टी-बैग को 10 मिनट तक डुबाकर रखें।
  • फिर इस चाय को गरमा-गर्म पिएं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

अगर मन में सवाल आए कि मुंह के छाले कैसे ठीक करें, तो मुंह में छाले के उपाय में एकिनेसिया का उपयोग भी शामिल है। अगर इसका इस्तेमाल संक्रमण के शुरुआत में ही किया जाए, तो वायरस का प्रभाव कुछ हद तक कम हो सकता है। इसका एंटीवायरल गुण मुंह के छाले के लिए असरदार हो सकता है। यह हर्पीस के प्रभाव को को कुछ हद तक कम करने में सहायक हो सकता है और उससे होने वाली तकलीफ से राहत दिला सकता है (18)।

12. मुंह के छाले के लिए मुलेठी

सामग्री :

  • एक चम्मच मुलेठी की जड़ का पाउडर
  • एक या दो चम्मच पेट्रोलियम जेली (वैसलीन)

कैसे उपयोग करें :

  • मुलेठी के पाउडर को जेली के साथ मिलाकर चिपचिपा पेस्ट बना लें।
  • इसे कोल्ड सोर पर लगाकर सूखने दें।
  • दिनभर में दो से तीन बार लगा सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

मुलेठी भी मुंह में छाले का घरेलू उपचार साबित हो सकता है। एक शोध में सामने आया है कि यह एंटीवायरल दवा की तरह काम कर सकता है (19)। एक अन्य स्टडी में इसके एंटी एचएसवी-1 गुण की बात भी सामने आई है। यह एचएसवी-1 वायरस को दोबारा होने से रोक सकता है (20)। ऐसे में मुलेठी का उपयोग मुंह के छाले के जोखिम को भी कम कर सकता है।

13. मुंह के छाले के लिए प्रोपोलिस

मुंह में छाले का घरेलू उपचार प्रोपोलिस से भी हो सकता है। प्रोपोलिस मधुमक्खियों द्वारा बनाया जाने वाला एक प्रकार का रालदार यौगिक है। इसका उपयोग माउथ वाश व टूथपेस्ट में भी किया जाता है (21)। इसका उपयोग हर्पीस सिम्पलेक्स वायरस से बचाव या उसके प्रभाव को कम करने के लिए भी किया जा सकता है। एनसीबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित शोध में इसके एंटीवायरल गुण की बात सामने आई है। यह कोल्ड सोर के वायरस हर्पीस सिम्पलेक्स से बचाव और उसके प्रसार को रोकने में सहायक हो सकता है (22)। एक अन्य शोध में इसके एंटीवायरस प्रभाव की तुलना ऐसीक्लोविर (acyclovir-एंटीवायरस दवा) से की गई है, जिसमें प्रोपोलिस का प्रभाव ज्यादा बेहतर पाया गया है। इसके साथ ही अगर प्रोपोलिस और ऐसीक्लोवीर का उपयोग एक साथ किया जाए, तो यह और असरदार हो सकता है (23)।

14. मुंह के छाले के लिए यूकेलिप्टस का तेल

सामग्री :

  • यूकेलिप्टस का तेल
  • रूई

कैसे उपयोग करें

  • रूई को यूकेलिप्टस के तेल में भिगोकर छाले पर लगाएं।
  • उसके बाद इसे सूखने दें।
  • फिर धो लें।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

हर्पीस सिम्प्लेक्स वायरस को मुंह में छाले पड़ने के कारण में गिना जाता है। ऐसे में यूकेलिप्टस का तेल हर्पीस सिम्प्लेक्स वायरस पर असर करके उसे खत्म कर सकता है। यह इसमें मौजूद एंटीवायरस गुण के कारण संभव हो सकता है। यह वायरस के प्रसार और दोबारा मुंह के छाले होने के जोखिम को भी कम कर सकता है। इसके अलावा, इसमें मौजूद एंटीइंफ्लेमेटरी प्रभाव सूजन को कम करने में भी सहायक हो सकता है (6)।

15. मुंह के छाले के लिए एलोवेरा जेल

सामग्री :

  • एलोवेरा जेल (आवश्यकतानुसार)
  • रूई

कैसे उपयोग करें :

  • आवश्यकतानुसार रूई पर एलोवेरा जेल लगाएं।
  • फिर इसे हल्के से मुंह के छाले पर लगाएं।
  • एलोवेरा जेल को सूखने तक लगा रहने दें।
  • फिर धो लें।
  • इसे दिनभर में दो से तीन बार लगा सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

एलोवेरा जेल के फायदे की बात करें, तो इसकी लिस्ट काफी लंबी है। इन्हीं फायदों में हर्पीस वायरस का इलाज भी शामिल है। एक स्टडी में यह बात सामने आई है कि एलोवेरा जेल में मौजूद बायोएक्टिव घटक एंटी-एचएसवी1 की तरह काम कर सकते हैं। यही कारण है कि इसका उपयोग हर्पीस वायरस पर असरदार साबित हो सकता है (24)। मुंह में छाले के उपाय के तौर पर एलोवेरा जेल कारगर हो सकता है। इसलिए, अगर कोई पूछे कि मुंह के छाले कैसे मिटाएं, तो उसे एलोवेरा जेल लगाने की सलाह दें।

16. मुंह के छाले के लिए विटामिन-ई

सामग्री :

  • विटामिन-ई का तेल या कैप्सूल
  • रूई

कैसे उपयोग करें :

  • विटामिन-ई के तेल में रूई भिगोकर छालों पर लगाएं।
  • विटामिन-ई के कैप्सूल को तोड़कर उसके अंदर के द्रव्य को भी छाले पर लगा सकते हैं।
  • फिर इसे सूखने दें।
  • साथ ही आहार में विटामिन-ई वाले खाने को भी शामिल करें।
  • दिनभर में कई बार इसे लगा सकते हैं।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

मुंह के छाले कैसे ठीक करें, तो इसका उपाय विटामिन ई भी हो सकता है। दरअसल, विटामिन-ई प्रतिरोधक क्षमता में सुधार कर हर्पीस वायरस से राहत दिलाने में मदद कर सकता है। हालांकि, यह सीधे तौर पर छाले को ठीक कर सकता है या नहीं इस पर अभी और शोध की आवश्यकता है, लेकिन मुंह के छाले के जोखिम को कम करने में और वायरल इंफेक्शन को दोबारा होने से रोक सकता है (25)। इसलिए, मुंह के छाले कैसे मिटाएं का जवाब विटामिन-ई युक्त आहार हैं।

17. मुंह के छाले के लिए वैसलीन

सामग्री :

  • थोड़ी-सी वैसलीन

उपयोग का तरीका :

  • हर कुछ घंटे में थोड़ी-थोड़ी वैसलीन लगाते रहें।

कैसे फायदेमंद हो सकता है?

वैसलीन मुंह के छाले को ठीक करने में कारगर हो सकता है या नहीं, इस संबंध में वैज्ञानिक शोध का अभाव है। हां, इतना जरूर कह सकते हैं कि वैसलीन मुंह के छाले के कारण होने वाली असुविधा या त्वचा के ड्राई होने की समस्या को कम कर सकता है (26)। इसलिए, हर कुछ घंटे में वैसलीन का उपयोग करना एक अच्छा विकल्प हो सकता है।

बने रहें हमारे साथ

मुंह के छाले ठीक करने के घरेलू उपाय के बाद अब मुंह के छाले के दौरान खान-पान पर बात करते हैं।

मुंह के छाले के लिए आहार – Diet for Cold Sores in Hindi

माउथ में छाले होना काफी कष्टदायी होता है और इस दौरान ठीक तरह से कुछ खाया भी नहीं जा सकता है। ऐसे में नीचे बताए गए आहार लेना थोड़ा आरामदायक हो सकता है (27) (4)।

  • खाने में पौष्टिक खाद्य पदार्थों जैसे – विटामिन-बी12 व फोलेट युक्त आहार को शामिल करें।
  • मुंह में छाले के लक्षण दिखे या छाले हों, तो नर्म खाद्य पदार्थों का सेवन करें, जिसे चबाना आसान हो।
  • पेय या तरल पदार्थों का अधिक सेवन करें।
  • ठंडा पानी पिएं ताकि मुंह में छाले के जलन और दर्द से आराम मिल सके।
  • मसालेदार या ज्यादा गर्म खाने के सेवन से बचें।

आगे है और जानकारी

अब जानते हैं कि मुंह आने का उपचार करने के लिए डॉक्टरी परामर्श कब जरूरी है।

मुंह के छाले के लिए डॉक्टर की सलाह कब लेनी चाहिए?

नीचे दिए गए स्थितियों में हर्पीस सिम्प्लेक्स के कारण मुंह के छाले के लिए डॉक्टरी इलाज की आवश्यकता हो सकती है (4):

  • ऐसे लक्षण जो गंभीर हैं या जो 2 सप्ताह के बाद भी ठीक नहीं हो रहे हैं। इस स्थिति में मुंह में छाले का इलाज कराना जरूरी हो सकता है।
  • अगर आंखों के आसपास भी छाले या फफोले हो गए हों।
  • जिन लोगों की किसी गंभीर बीमारी के कारण रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर है।
  • इसके अलावा खाना खाने या कुछ पीने में भी परेशानी हो रही हो।
  • मुंह के छाले में अधिक दर्द या जलन हो।
  • वजन लगातार घटने लगे।

आगे जानते हैं कि अन्य तरीकों से मुंह आने का उपचार कैसे किया जा सकता है।

मुंह के छाले के लिए इलाज – Treatment For Cold Sores in Hindi

नीचे पढ़ें मुंह के छाले कैसे ठीक करें, उसके लिए कुछ उपचार या इलाज (4)।

  • मुंह के छाले के उपचार के तौर पर डॉक्टर कुछ एंटीवायरल दवाइयां दे सकते हैं।
  • मुंह के छाले के लिए इलाज के लिए डॉक्टर एंटीवायरल क्रीम दे सकते हैं।
  • मुंह के छाले के लिए इलाज या दर्द दूर करने के लिए दर्दनिवारक दवा भी दे सकते हैं।
  • मुंह के छाले का उपचार के तौर पर ठंडे पानी से गरारे करने की सलाह दे सकते हैं।
  • दर्द से आराम के लिए बर्फ रगड़ने की सलाह भी दे सकते हैं। हालांकि, यह मुंह में छाले का इलाज नहीं है, बस असुविधा और दर्द को कम करने का उपाय है।

मुंह के छाले ठीक करने के घरेलू उपाय के बाद अब इससे बचाव के बारे में जानकारी देंगे।

मुंह के छाले या कोल्ड सोर से बचाव कैसे करें – How To Prevent Cold Sores in Hindi

ऊपर आपने पढ़ा कि मुंह में छाले हो तो क्या करें, अब नीचे जानिए मुंह के छाले होने से बचाव कैसे कर सकते हैं (4) :

  • घर से जब भी बाहर निकले उससे पहले जिंक ऑक्साइड से युक्त लिप बाम का उपयोग करें।
  • होंठों की त्वचा की नमी बरकरार रखने के लिए मॉइस्चराइजर का उपयोग करें।
  • हर्पीस संक्रमित व्यक्ति और उनके चीजों से दूर रहें।
  • हर्पीस संक्रमित व्यक्ति के साथ खाना खाने या उनकी झूठी चीजों को खाने से बचें।
  • रूमाल या तौलिये के उपयोग के बाद उन्हें गर्म पानी से धोएं।
  • घाव को बार-बार छूने से बचें।

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अब जानते हैं मुंह के छाले से होने अन्य क्या परेशानियां हो सकती है।

मुंह के छाले से होने वाली अन्य परेशानियां – Complications in Cold Sore in hindi

नीचे पढ़ें मुंह के छाले से होने वाली जटिलताओं के बारे में (4) :

  • आंख का हर्पीस संक्रमण अंधेपन की समस्या का कारण हो सकता है। यह कॉर्निया के झुलसने का कारण बनता है।
  • हर्पीस सिम्पलेक्स बार-बार मुंह में छाले होने के कारण भी बन सकता है।
  • मुंह में छाले का इलाज अगर सही वक्त पर नहीं हुआ, तो वायरस का प्रसार हो सकता है।
  • बार-बार मुंह में छाले होने के कारण बैक्टीरियल स्किन इंफेक्शन भी हो सकता है।
  • कैंसर या एचआईवी संक्रमण के कारण कमजोर इम्यून सिस्टम वाले लोगों के लिए गंभीर रूप ले सकता है।

मुंह के छाले के कारण चाहे जो भी हों, लेकिन ये काफी पीड़ादायक होते हैं। ऐसे में इस लेख में बताए गए मुंह के छाले के घरेलू इलाज न सिर्फ आसान हैं, बल्कि उपयोगी भी हो सकते हैं। घरेलू तरीके से मुंह आने का उपचार करना छाले को पूरी तरह से ठीक करे या न करे, लेकिन दर्द और असुविधा से राहत जरूर दे सकता है। हां, अगर परेशानी ज्यादा बढ़े या मुंह के छाले ठीक न हों, तो मुंह के छाले के लिए इलाज डॉक्टरी परामर्श भी जरूर लें। साथ ही लेख में दिए मुंह के छाले का कारण लक्षण व घरेलू उपचार पर विशेष ध्यान दें। इसके अलावा, अगर कोई आपसे पूछे कि ‘मुंह के छाले कैसे मिटाएं’ तो उनके साथ यह लेख जरूर साझा करें। मुंह आने का उपचार अगर सही वक्त पर किया जाए, तो मुंह में घाव की तकलीफ कम हो सकती है और मुंह के छाले जल्दी ठीक भी हो सकते हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

कोल्ड सोर कैसे दिखते हैं?

कोल्ड सोर छोटे और तरल पदार्थ से भरे हुए फफोले की तरह होते हैं।

क्या आप कोल्ड सोर को फोड़ सकते हैं?

नहीं, कोल्ड सोर को फोड़ना नहीं चाहिए, बल्कि मुंह में छाले का इलाज घरेलू तरीके से किया जा सकता है।

क्या शराब का सेवन कोल्ड सोर्स के लिए नुकसानदायक हो सकता है?

हां, शराब का सेवन कोल्ड सोर्स के लिए नुकसानदायक हो सकता है। शराब का सेवन इम्यून पावर को कमजोर कर सकता है (28), जिससे मुंह के छाले की समस्या बढ़ सकती है।

क्या कोल्ड सोर्स से गले में दर्द या खराश हो सकती है?

हां, कोल्ड सोर्स से गले में खराश हो सकती है(4)।

रातभर में कोल्ड सोर्स से कैसे छुटकारा पाया जा सकता है?

नहीं, रातभर में मुंह के छाले से छुटकारा नहीं पाया जा सकता है। इन्हें ठीक होने में कुछ हफ्ते लग सकते हैं (1)।

क्या सेब का सिरका मुंह के छाले के लिए उपयोगी हो सकता है?

नहीं, मुंह के छाले पर सेब के सिरके के उपयोग करने से जलन हो सकती है, इसलिए इसका उपयोग करना सही नहीं है।

क्या मुंह के छाले को कवर करना बेहतर है या उसे खुला रखना?

मुंह के छाले को खुला रखना बेहतर हो सकता है।

मुंह के छाले को ड्राई या नम रखना चाहिए?

मुंह के छाले को मॉइस्चराइज करके रखना बेहतर है, ताकि त्वचा रूखी न हो या त्वचा पर खुजली या जलन न हो।

मुंह के छाले ठीक होने में कितना वक्त लग सकता है?

मुंह के छाले ठीक होने में कुछ हफ्ते लग सकते हैं (1)।

क्या मुंह में छालों का मतलब है कि आप एसटीडी से ग्रस्त हैं?

हां, जेनेटियल हर्पीज से ग्रस्त व्यक्ति के साथ वैकल्पिक यौन संबंध मुंह में छाले का एक कारण हो सकते हैं (4)।

क्या मुंह के छाले संक्रामक हैं?

हां, मुंह के छाले संक्रामक होते हैं। यह छालों से निकलने वाले तरल के माध्यम से एक व्यक्ति से दूसरे में फैल सकते हैं। इस बारे में लेख में ऊपर विस्तार से बताया गया है।

क्या मुंह में छालों की स्थिति में किसी को किस कर सकते हैं?

नहीं, जैसा कि लेख में बताया गया है कि यह संक्रामक रोग है, जो एक व्यक्ति से दूसरे में फ़ैल सकता है। ऐसे में किस करने से दूसरा व्यक्ति भी इस समस्या का शिकार बन सकता है।

References

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  2. Cold Sores
    https://www.betterhealth.vic.gov.au/health/conditionsandtreatments/cold-sores#:~:text=Cold%20sores%20around%20the%20mouth,carry%20the%20cold%20sore%20virus.
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  26. Chapped Lips
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  28. Alcohol’s Effects on the Body
    https://www.niaaa.nih.gov/alcohols-effects-health/alcohols-effects-body

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Dr. Zeel Gandhi is an Ayurvedic doctor with 7 years of experience and an expert at providing holistic solutions for health problems encompassing Internal medicine, Panchakarma, Yoga, Ayurvedic Nutrition, and formulations. She graduated as a top ranker from Dr. D.Y.Patil College of Ayurveda and Research Centre , Navi Mumbai, and is a specialist in Panchakarma therapies. She believes that Ayurveda...read full bio